कलियुग मे हमारे ही स्वभावदोषों से हमारा संघर्ष है ! – श्रीमती सविता लेले, सनातन संस्था
त्रेतायुग में श्रीरामजी ने रावणवध हेतु श्रीलंका जाकर युद्ध किया द्वापरयुग में दो परिवारों में युद्ध हुआ और इस कलियुग में हमारा संघर्ष हममें विद्यमान स्वभावदोषों से चल रहा है ।
