विजयादशमी को हिन्दू राष्ट्र स्थापना के लिए सीमोल्लंघन का निश्‍चय करें ! – सद्गुुरु नंदकुमार जाधवजी, सनातन संस्था

मितावली (जनपद जळगाव, महाराष्ट्र) में  हिन्दू धर्मजागृति सभा

जळगाव  : नवरात्रोत्सव भक्ति एवं शक्ति के संगम का उत्सव है । विजयादशमी के दिन हम धर्मशास्त्र के अनुसार सीमोल्लंघन करते हैं । आनेवाली विजयादशमी को हम सभी अन्याय, अधर्म, अंधकार से मुक्ति देनेवाले धर्माधिष्ठित और प्रकाशमान हिन्दू राष्ट्र स्थापना के लिए सीमोल्लंघन का निश्‍चय करेंगे । सनातन संस्था के सद्गुुरु नंदकुमार जाधवजी ने यह आवाहन किया । वे जनपद के मितावली (तहसील चोपडा) गांव में नवरात्रोत्सव के उपलक्ष्य में हिन्दू जनजागृति समिति की ओर से आयोजित हिन्दू धर्मजागृति सभा में ऐसा बोल रहे थे । जळगाव जनपद समन्यवक श्री. प्रशांत जुवेकर ने भी इस सभा को संबोधित किया । समिति के श्री. श्रेयस पिसोळकर ने सभा का सूत्रसंचालन किया ।

शंखनाद से सभा का प्रारंभ किया । तत्पश्‍चात सद्गुुरु नंदकुमार जाधवजी ने दीपप्रज्वलन किया । श्री. प्रशांत जुवेकर ने छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति को माल्यार्पण किया । अनेक ग्रामवासियों ने अपनी प्रतिक्रियाएं व्यक्त करते हुए कहा कि गांव में यह इस प्रकार का पहला ही कार्यक्रम हुआ और वह बहुत अच्छा भी हुआ । केवल १ सहस्र १०० जनसंख्यावाले इस गांव के २६० लोगों ने इस सभा का लाभ उठाया ।

अगली पीढी को सुरक्षित तथा गर्व के साथ जीवन व्यतीत करना
संभव हो; इसलिए उन्हें ऐसा हिन्दू राष्ट्र देने के लिए प्रतिबद्ध होंगे ! – प्रशांत जुवेकर

विगत ७० वर्षों का अध्ययन किया, तो यह ध्यान में आता है कि इस देश में हिन्दुआें की मूल संस्कृति और आस्था के केंद्रोंपर बहुत बडे आघात किए गए हैं । इसलिए आज हमें हम अगली पीढी को किस प्रकार का भारत देनेवाले हैं, इसपर विचार करने का समय आ गया है । शिवाजी महाराज की एक पीढी ने ४०० वर्ष पूर्व कठोर परिश्रम किए; इसीलिए आज हम हमारे हिन्दू होनेपर गौरव का अनुभव कर रहे हैं । हमारी अगली पीढी को यदि ऐसा ही गर्व के साथ तथा सुरक्षित जीवन व्यतीत करना संभव हो, ऐसा हमें लगता हो, तो हमें इस देश को झूठे धर्मनिरपेक्षतावाद के चंगुल से छुडवाकर हिन्दू राष्ट्र की स्थापना करनी ही होगी । उसके लिए प्रतिबद्ध होने का यही उचित समय है ।

स्रोत : दैनिक सनातन प्रभात