अंदरूनी चोट एवं मोच पर होमियोपैथी औषधियों की जानकारी
गिरना, टकराना, दुर्घटना के कारण शरीर को अंदरूनी चोट लग सकती है । बाह्य घटकों के कारण जानबूझकर अथवा अनजाने में शरीर के जीवित भाग को हुई हानि को ‘दुर्घटना’, कहते हैं । दुर्घटना की व्याप्ति के अनुसार विश्राम लेना, दुर्घटनाग्रस्त भाग पर ३-४ बार, हर बार १० मिनट तक बर्फ लगाना इत्यादि उपचार करें ।
