‘महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर दूध का अभिषेक न कर उस दूध को अनाथों को दें’, ऐसा धर्मद्रोही आवाहन करनेवालों को अभिमान के साथ निम्न उत्तर दें !

भगवान शिवजी को संभवतः दूध से अभिषेक करना चाहिए; क्योंकि दूध में शिवजी के तत्त्व को आकर्षित करने की क्षमता अधिक होने से दूध के अभिषेक के माध्यम से शिवजी का तत्त्व शीघ्र जागृत हो जाता है । उसके पश्‍चात उस दूध को तीर्थ के रूप में पीने से उस व्यक्ति को शिवतत्त्व का अधिक लाभ मिलता है ।

महाशिवरात्रि का महत्त्व एवं शिवजी काे अभिषेक करने का शास्त्राधार

महाशिवरात्रिको शिवजी जितना समय विश्राम करते हैं, उस कालको ‘प्रदोष’ अथवा ‘निषिथकाल’ कहते है । इस दिन शिवतत्त्व अन्य दिनोंकी तुलनामें एक सहस्रगुना अधिक कार्यरत रहता है ।