प्रस्थापित अखाडों का अनुमान चूक गया ! – श्री. चेतन राजहंस, राष्ट्रीय प्रवक्ता, सनातन संस्था

अखाडे तो विविध स्थानों के साधु-संत, संन्यासी और आचार्यों का वर्गीकरण तथा सुसूत्रीकरण की एक व्यवस्था है ।

अयोध्या में राममंदिर का निर्माण हो; इसके लिए प्रयागराज के त्रिवेणी संगमपर साधु-संत और सनातन संस्था का उत्स्फूर्त अभियान

१५ जनवरी को यहां का राजयोगी स्नान मार्ग तथा संगमस्थलपर सनातन संस्था एवं हिन्दू जनजागृति समिति की ओर से अयोध्या में राममंदिर के निर्माण की मांग को लेकर ‘श्रीराम जय राम जय जय राम’ नामजप अभियान चलाया गया ।

प्रयागराज के कुंभपर्व का पहला राजयोगी (शाही) स्नान

कुंभपर्व के प्रारंभ में महानिर्वाणी अखाडे के राजयोगी स्नान के पश्चात क्रमशः निरंजनी अखाडा, आनंद अखाडा, जूना अखाडा, आवाहन अखाडा, श्री शंभू पंच अग्नि अखाडा स्नान के लिए आ गए ।

संकटकाल में सनातन संस्था के सर्वत्र के साधक तथा आश्रमों की रक्षा हेतु रामनाथी, गोवा के सनातन आश्रम के प्रवेशद्वारपर ऐरावत गजमूर्तियों की स्थापना !

सनातन संस्था के सर्वत्र के साधक और आश्रमों की रक्षा हो; इसके लिए भृगु महर्षिजी की आज्ञा से १५ जनवरी की सुबह यहां के सनातन आश्रम के मुख्य प्रवेशद्वारपर ऐरावत गजमूर्तियों की विधिवत स्थापना की गई ।

अन्नपूर्णादेवी का वरदहस्त प्राप्त अन्नछत्रों का मेला !

विविध साधु-संतों द्वारा निरंतर एवं निस्वार्थभाव से चलाए जा रहे अन्नछत्र ! यहां लगभग १० सहस्र से भी अधिक छोटे-बडे अन्नछत्र चल रहे हैं ।

हिन्दू राष्ट्र की यथाशीघ्र स्थापना हो; इसके लिए सनातन के रामनाथी, गोवा के आश्रम में राजमातंगी यज्ञ संपन्न !

श्री राजमातंगीदेवी विशुद्धचक्र की अधिष्ठात्री देवता है । विशुद्धचक्र वाणी से संबंधित होता है । श्री विष्णुजी की आकर्षणशक्ति को राजमातंगी कहा गया है ।

कुंभपर्व में ओडिशा के ‘क्रिया योग आश्रम’ की नामजप फेरी का सनातन संस्था द्वारा स्वागत !

ओडिशा के क्रिया योग आश्रम की नामजप फेरी का सनातन संस्था की प्रदर्शनीस्थल के सामने आगमन हुआ ।

कुंभ मेला (प्रयागराज) के अवसर पर धर्मकार्य में योगदान देने का अमूल्य अवसर !

कुंभ मेल के समय में साधना हेतु अधिकाधिक समय देने पर देवता एवं संतों के आशीर्वाद प्राप्त हो कर इच्छित कार्य अल्पावधि में पूर्णता को पहुंचता है।

शबरीमला मंदिर के संदर्भ में श्रद्धालुओ की श्रद्धा का सम्मान किया जाना चाहिए ! – इस्त्रो के पूर्व वैज्ञानिक जी. माधवन नायर

मुसलमान, ईसाई तथा सीख्ख पंथियों में भी ऐसी कई परंपराएं हैं । तो क्या सरकार अथवा न्यायालय उनकी इन परंपराओ का कभी संज्ञान लेते हैं ?

अखिल भारतीय अखाडा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्रगिरी महाराज के शुभहस्तों आईओएस् एप ‘सनातन पंचांग २०१९’ का लोकार्पण !

अखिल भारतीय अखाडा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्रगिरी महाराज के शुभहस्तों सनातन संस्था का हिन्दी भाषी आईओएस् एप (एपल प्रणाली) ‘सनातन पंचांग २०१९’ का प्रयागराज कुंभनगरी में लोकार्पण किया गया ।