सऊदी अरब जैसे कट्टर इस्लामिक देश में, जो इस्लामी देशों का
प्रतिनिधित्व करता है, रामायण एवं महाभारत पढाने का निर्णय लिया जाता है ; परंतु भारत
के शालाओं में गीता पढाने का निर्णय लेने पर निधर्मीवादी आग बबुला हो जाते हैं, जो कि क्रोधजनक है !

रियाद (सऊदी अरब) – सऊदी अरब ने अपने पाठशालाओं के पाठ्यक्रम में रामायण एवं महाभारत सम्मिलित किया है । सऊदी अरब के राजकुमार मोहम्मद बिन सलमान ने कहा है कि, “‘विजन २०३०’ के अंतर्गत अन्य देशों के इतिहास एवं संस्कृति का अध्ययन करना आवश्यक है । इसलिए, रामायण एवं महाभारत सऊदी अरब में पढाया जाएगा । कहा जाता है कि, इससे भारतीय संस्कृति में योग, आयुर्वेद, आदि के विषयों में जानकारी मिलेगी ।” इसके अतिरिक्त, अंग्रेजी भाषा को अनिवार्य कर दिया गया है ।
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